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Saturday, April 11, 2020

भारतीय रेलवे द्वारा जरूरतमंद लोगों के बीच 1 मिलियन से ज्यादा भोजन निःशुल्क वितरित किया गया

भारतीय रेलवे द्वारा जरूरतमंद लोगों के बीच 1 मिलियन से ज्यादा भोजन निःशुल्क वितरित किया गया

कोविड-19 लॉकडाउन के दौरान, 313 स्थानों पर भोजन वितरित किया गया  

आईआरसीटीसी, आरपीएफ निःशुल्क भोजन प्रदान करने की चुनौती को जोनल रेलवे, जीआरपी, एनजीओ के साथ मिलकर पूरा कर रहा है


नई दिल्ली। गोंडवाना समय।
भारतीय रेलवे के विभिन्न संगठनों के कर्मचारियों जैसे आईआरसीटीसी
आरपीएफजोनल रेलवे और अन्य संगठनों द्वारा, कोविड-19 के कारण हुए लॉकडाउन के बाद से, जरूरतमंद लोगों को निस्वार्थ और स्वैच्छिक भावना के साथ, गर्म पका हुआ भोजन उपलब्ध कराने के रेलवे की समाज सेवा वाली प्रतिबद्धता को जीवित रखने का अथक प्रयास किया जा रहा है। रेलवे द्वारा 28 मार्च 2020 से आईआरसीटीसी बेस किचनोंआरपीएफ संसाधनों और एनजीओ के योगदान से बड़ी मात्रा में पका हुआ भोजन, पेपर प्लेट के साथ लंच के लिए और खाद्य पैकेट डिनर के लिए उपलब्ध करवाया जा रहा है।
आज तक लगभग 10.2 लाख भोजन वितरण के साथ यह आंकड़ा एक मिलियन पार कर गया। गरीबोंबच्चोंकुलियोंप्रवासी मजदूरोंफंसे हुए व्यक्तियों और जो लोग रेलवे स्टेशनों या उसके आसपास भोजन की तलाश में आते हैं उन्हें भोजन वितरित किया जा रहा हैऔर यहां तक ​​कि रेलवे स्टेशनों से कुछ दूरी पर रहने वाले लोगों के लिए भी। जरूरतमंद व्यक्तियों को भोजन वितरित करते समयसामाजिक दूरी और स्वच्छता का पूरी तरह से पालन किया जा रहा है।
विभिन्न क्षेत्रों जैसे उत्तरीपश्चिमीपूर्वीदक्षिणी और दक्षिण मध्य में फैले हुए आईआरसीटीसी के बेस किचनों, नई दिल्लीबैंगलोरहुबलीमुंबई सेंट्रलअहमदाबादभुसावलहावड़ापटनागया, रांचीकटिहारदीन दयाल उपाध्याय नगरबालासोरविजयवाड़ाखुर्दाकटपाड़ीतिरुचिरापल्लीधनबादगुवाहाटीसमस्तीपुरप्रयागराजइटारसीविशाखापट्टनमचैंगलपट्टूपुणेहाजीपुररायपुर और टाटानगर के सक्रिय सहयोग से कल 10 अप्रैल 2020 तक लगभग 10.2 लाख पका हुआ भोजन वितरित किया जा चुका है। इनमें से, 60 प्रतिशत से ज्यादा पका हुआ भोजन आईआरसीटीसी द्वारा उपलब्ध कराया गया हैआरपीएफ द्वारा अपने संसाधनों के माध्यम से लगभग 2.3 लाख भोजन उपलब्ध कराया गया है जबकि रेलवे संगठनों के साथ काम करने वाले गैर-सरकारी संगठनों द्वारा लगभग 2 लाख भोजन प्रदान किया गया है।
भोजन का वितरण आरपीएफजीआरपीज़ोन के वाणिज्यिक विभागोंराज्य सरकारों और गैर सरकारी संगठनों के सहयोग से किया जा रहा है। आईआरसीटीसी के इन प्रयासों का विस्तार करने के लिए, संबंधित ज़ोन और डिवीजन के जीएम/ डीआरएम आईआरसीटीसी के अधिकारियों के साथ लगातार संपर्क में हैंयहां तक कि जिला प्रशासन और गैर सरकारी संगठनों की मदद से स्टेशन के क्षेत्रों से आगे बढ़कर रेलवे स्टेशनों के आसपास के क्षेत्रों में जरूरतमंद लोगों की खाद्य आवश्यकताओं की पूर्ति की जा रही है।
रेलवे सुरक्षा बल ने आईआरसीटीसीएनजीओ और अपने स्वयं के रसोई घरों में तैयार भोजन का वितरण लोगों के बीच करने में एक प्रमुख भूमिका निभाई है। 28.03.2020 को 74 स्थानों पर 5,419 जरूरतमंद व्यक्तियों के बीच भोजन का वितरण करने के साथ शुरू इस अभियान में दिन-प्रतिदिन बढ़ोत्तरी देखी जा रही है। कल तक, आरपीएफ द्वारा 313 स्थानों पर लगभग 6.5 लाख भोजन वितरित किए जा चुके हैं। भोजन के वितरण में आईआरसीटीसी द्वारा बनाए गए एक अच्छे हिस्से को भी शामिल किया गया है।
गौरतलब है कि रेल और वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री, श्री पीयूष गोयल ने रेल कर्मियों से आह्वान किया था कि वे जरूरतमंद लोगों को भोजन एवं अन्य सहायता प्रदान करने में अपने दायरे को फैलाएं। इसके बाद, आईआरसीटीसी के कर्मचारियों द्वारा पीएम-केयर फंड में 20 करोड़ रुपये भी जमा किए गए- 2019-20 के सीएसआर फंड से 1.5 करोड़ रुपये2020-21 के सीएसआर फंड से 6.5 करोड़ रुपये और 12 करोड़ रुपये डोनेशन के रूप में। इस योगदान की प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने भी प्रशंसा की है उन्होंने ट्वीट किया, मैं कोरोनवायरस को हराने में @आईआरसीटीसी परिवार की सराहना करता हुं।

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