Wednesday, August 25, 2021

सतरंगी झंडा को तोड़कर अपमान करने वाले से ही खरीद कर और जंगल से साजा की लकड़ी कटवाकर बुलवाया

सतरंगी झंडा को तोड़कर अपमान करने वाले से ही खरीद कर और जंगल से साजा की लकड़ी कटवाकर बुलवाया 

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के पदाधिकारियों ने जताई नाराजगी, प्रशासन के हस्तक्षेप से मामला हुआ शांत 


अखिलेश मर्सकोले/प्रदेश संवाददता
केवलारी। गोंडवाना समय।

केवलारी विकासखण्ड के अंतर्गत 24 अगस्त 2021 को ग्राम पुत्तरा में जहां पर पूर्व में ही आदिवासियों ने मिलकर बड़ादेव का स्थान पहले से बनाया हुआ था जहां पर धर्म ध्वजा सतरंगी झंडा भी लगा हुआ था । जिसे पुतर्रा गांव के ही साहू समाज के व्यक्ति के द्वारा बड़ादेव ठाना स्थल पर अतिक्रमण करने का प्रयास किया जा रहा था इसी के चलते उक्त व्यक्ति के द्वारा सतरंगी धर्म ध्वजा को तोड़ दिया गया था।
        


इसकी जानकारी जब गोंडवाना गणतंत्र पार्टी और आदिवासी समाजिक संगठनों के पदाधिकारियों को मिलने पर गोंडवाना गणतंत्र पार्टी प्रदेश प्रचार मंत्री प्रीतम सिंह उईके, गोंगपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश मर्सकोले, गोंगपा युवा मोर्चा के जिला उपाध्यक्ष मंतलाल पूसाम, गोंगपा ब्लॉक अध्यक्ष जोगी सरयाम, युवा मोर्चा ब्लॉक अध्यक्ष सौरभ सिंह ककोड़िया, गोंगपा किसान मोर्चा ब्लॉक अध्यक्ष खेर सिंह खुरसंगे, बुधे सिंह भलावी सभी गोंगपा के कार्यकर्त्ता उपस्थित रहे जिन्होंने प्रशासन को इस उक्त घटना की जानकारी भी दिया एवं जानकारी मिलने पर पुलिस व स्थानीय प्रशासन के अधिकारी ग्राम पुतर्रा पहुंचे। जहां पर प्रशासन द्वारा मामले की गंभीरता को देखते हुये एवं आदिवासियों के धर्म के साथ अपमानजनक कृत्य करने के मामले में शांतिपूर्वक समझाईश देते हुये मामला को शांत कराया गया। 

शासकीय जमीन में कब्जा, मकान व दुकान बनाने की ग्रामीणों ने की शिकायत 


सतरंगी ध्वजा को तोड़े जाने से जहां एक आदिवासी समाज के सगाजन आक्रोशित व नाराज थे वहीं पुतर्रा ग्राम में साहू समाज के उक्त व्यक्ति के द्वारा शासकीय जमीन पर कब्जा करने, मकान बनाने के साथ ही व्यापारिक उपयोग करने में अत्याधिक उपयोग किया जा रहा है जिसकी शिकायत भी ग्रामीणों के द्वारा की गई। 

गोंडी विधि विधान से पुन: लगाया गया सतरंगी झण्डा

गोंडवाना गणतंत्र पार्टी के पदाधिकारियों के द्वारा स्थानीय प्रशासन को जानकारी देने के बाद घटना स्थल पर प्रशासन की टीम पहुंची। जिसमे तहसीलदार, आरआई, पटवारी तहसीलदार, टीआई मौजूद रहे। उस दौरान गोंगपा के पदाधिकारियों व ग्राम के आदिवासियों ने प्रशासन के समक्ष यह मांग रखे कि जिसने सतरंगी झंडा तोड़ा वही झंडा लेकर आएगा और हमे देगा तभी हम झंडा लगायेंगे। इसके बाद झंडा तोड़ने वाले साहू समाज के उक्त व्यक्ति के द्वारा सतरंगी झण्डा खरीद कर लाया गया इसके साथ ही जंगल से तुरंत साजा की लकड़ी काट कर लेकर आया गया। इसके बाद गांव के पंच व प्रीतम सिंह उईके, अखिलेश मर्सकोले, मुकद्दम द्वारा लिया गया। इसके बाद गोंडी विधि विधान से झंडा को लगाया गया। 


No comments:

Post a Comment

Translate