भाजपा नेता गुड्डु बघेल के अत्याचार से दहशत में कोटवार को न्याय दिलाने अनुसूचित जाति आयोग से करेंगे मांग
क्या सत्ता की चकमक के नीचे सालों से कुचले जा रहे हैं अनुसूचित जाति वर्ग के सदस्य?
सांसद, विधायक और भाजपा के संरक्षण में दबंगई दिखाते है भाजपा नेता नितेन्द्र बघेल
सिवनी। गोंडवाना समय।
भाजपा के राज में अनुसूचित जाति वर्ग के साथ संगठन की कार्यकारिणी में अनुसूचित जाति वर्ग का स्थान सामान्य वर्ग को दिया जाकर उनका उनका अधिकार छीना जा रहा है। वहीं भाजपा के राज में अनुसूचित जाति वर्ग पर अत्याचार, अन्याय, शोषण, भी बढ़ रहे है।
भाजपा सरकार में जनप्रतिनिधियों के संरक्षण के कारण भाजपा के पदाधिकारी अनुसूचित जाति वर्ग के साथ दबंगई दिखाते हुये मारपीट कर रहे है। भाजपा नेता की दबंगई व दहशत इतनी ज्यादा है कि पीड़ित शिकायत करने तक की हिम्मत तक नहीं जुटा पा रहा है।
बालाघाट सिवनी की सांसद भारती पारधी के सांसद प्रतिनिधि एवं पूर्व भाजपा मण्डल अध्यक्ष नितेन्द्र गुड्डू बघेल पर भाजपा की सत्ता का नशा इतना ज्यादा सर चढ़कर बोल रहा है कि अनुसूचित जाति वर्ग के कोटवार को अमर्यादित अपशब्दों का प्रयोग करते हुये मारपीट करते हुये वीडियों सोशल मीडिया में भी वायरल हो रहा है।
अनुसूचित जाति आयोग से लगायेंगे गुहार
भाजपा नेता नितेन्द्र गुड्डू बघेल के द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के कोटवार के साथ की गई मारपीट के मामले में कोटवार संघ सिवनी के पदाधिकारियों ने कार्यवाही करने के लिये प्रयास भी किया था लेकिन पीड़ित कोटवार शिकायत करने को तैयार नहीं है।
सूत्र बताते है कि संगई गांव में भाजपा नेता नितेन्द्र बघेल की दबंगई के चलते ग्राम कोटवार शिकायत करने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहा है। वहीं इस मामले में अनुसूचित जाति परिषद सिवनी के पदाधिकारी एवं कोटवार के जाति वर्ग के सामाजिक संगठन उक्त मामले को अनुसूचित जाति आयोग के संज्ञान में लाकर कार्यवाही कराने के लिये प्रयास कर रहा है। अनुसूचित जाति परिषद अनुसूचित जाति वर्ग के साथ हो रहे अन्याय, अत्याचार, शोषण के मामले में स्वत: अनुसूचित जाति आयोग संज्ञान लेते हुये कार्यवाही कराये ऐसी रणनीति बना रहे है।
सांसद भारती पारधी ने अत्याचार करने वाले को बनाया सांसद प्रतिनिधि
सिवनी-बालाघाट संसदीय क्षेत्र में अनुसूचि जाति वर्ग के लिये भाजपा की रीति नीति विचारधारा केवल नारों तक सीमित रह गई है। क्षेत्रीय सांसद भारती पारधी, जो दिल्ली के गलियारों में कोयला, खान और इस्पात समिति की सदस्य हैं और सबसे महत्वपूर्ण बात आदिवासी मामलों की सलाहकार समिति में बैठकर पिछड़ों के हक की बात करती हैं, उन्होंने अपने एक हालिया फैसले से पूरे जिले के शोषित वर्ग को सकते में डाल दिया है।
सांसद भारती पारधी द्वारा जारी एक नियुक्ति पत्र में उन्होंने एक ऐसे व्यक्ति को अपना प्रतिनिधि नियुक्त किया है जिसका अतीत अमानवीयता के दागों से भरा बताया जा रहा है। सांसद महोदया ने ग्राम संगई के नितेन्द्र उर्फ गुड्डू बघेल को जनपद पंचायत सिवनी के लिए अपना सांसद प्रतिनिधि मनोनीत किया है। यह नियुक्ति केवल एक कागज का टुकड़ा नहीं है, बल्कि उन लोगों के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है जो सत्ता की चकमक के नीचे सालों से कुचले जा रहे हैं।
अनुसूचित वर्ग के कोटवार की पिटाई और अश्लील गालियां, क्या यही है भाजपा का असली चेहरा ?
सूत्रों और कार्यालय में मौजूद वीडियो साक्ष्यों की मानें तो नितेन्द्र बघेल का इतिहास अनुसूचित जाति के प्रति उनके क्रूर व्यवहार की गवाही देता है। मामला ग्राम पंचायत संगई का बताया जा रहा है। जहाँ के ग्राम कोटवार मस्तराम डेहरिया जो की अनुसूचित जाति से आते हैं को नितेन्द्र बघेल उर्फ गुड्डू संगई ने न केवल बेरहमी से पीटा, बल्कि मां-बहन की अश्लील गालियां देते हुए अपमानित भी किया था।
विडंबना देखिए, जिस व्यक्ति पर एक सरकारी कर्मचारी कोटवार पर हाथ उठाने और उसे समाज में जलील करने का आरोप है, उसे ही अब जनपद पंचायत में सांसद प्रतिनिधि बनाकर प्रशासनिक कार्यों में हस्तक्षेप करने का लाइसेंस दे दिया गया है, जब बिना पद के यह हाल था, तो पद मिलने के बाद कर्मचारियों और आम जनता की सुरक्षा की गारंटी कौन लेगा?
सत्ता की चकमक से कोटवार दहशत में है
आश्चर्य की बात यह है कि पीड़ित कोटवार मस्तराम ने आज तक डर के मारे औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई, यह डर उस तंत्र का है जहाँ दबंगों को विधायक और सांसद का करीबी होने का संरक्षण प्राप्त है। भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष रह चुके नितेन्द्र बघेल जैसे लोग, जो पार्टी की आड़ में ठेकेदारी और रसूख का खेल खेल रहे हैं, वे संगठन की जड़ों में मट्ठा डालने का काम कर रहे हैं, क्या सांसद भारती पारधी को इस बात का आभास है कि उनका यह प्रतिनिधि आदिवासी और दलित हितों के दावों की धज्जियां उड़ा रहा है? एक तरफ सांसद महोदया आदिवासी मामलों की सलाहकार बनती हैं और दूसरी तरफ दलितों पर अत्याचार करने वालों को अपना दाहिना हाथ बनाती हैं,यह दोहरा मापदंड आखिर कब तक चलेगा?
वीडियों पुराना है, बदनाम करने के लिये अब वायरल किया जा रहा
हालांकि भाजपा मण्डल अध्यक्ष नितेन्द्र गुड्डू बघेल का कहना है कि यह वीडियों पुराना है। राजनैतिक विरोधियों के द्वारा सांसद प्रतिनिधि बनाये जाने के बाद उक्त वीडियों को वायरल जानबूझकर बदनाम करने के लिये किया गया है। कोटवार को हमारे घर का नौकर है और हमारे घर में काम करता है। इसके साथ ही उसे नल चालक का काम भी मैंने ही दिया हूं। घर में पत्नि के साथ मारपीट करता है, शराब पीकर परेशान करता है इसलिये उसे मारा था।
कोटवार के साथ की घटना निदंनीय है- चेतराम डेहरिया
वहीं भाजपा अनुसूचित जाति वर्ग के पूर्व जिला अध्यक्ष श्री चेतराम डेहरिया ने उक्त वीडियों के देखने के बाद चिंता जताते हुये कहा है कि इस तरह की घटना निंदनीय है। ग्राम कोटवार के साथ मारपीट करना गलत है, इस मामले में पीड़ित कोटवार यदि दहशत में है, दबाव में है तो ऐसे मामले में अनुसूचित जाति आयोग को स्वत: संज्ञान लेकर अनुसूचित जाति वर्ग के सदस्यों को संरक्षण देकर न्याय दिलाना चाहिये। इसके लिये हम अनुसूचित जाति परिषद के माध्यम से मांग करेंगे।
वहीं अनुसूचित जाति परिषद के अध्यक्ष मनोहर डेहरिया का कहना है कि अनुसूचित जाति वर्ग के साथ अन्याय, अत्याचार बढ़ रहे है। ऐसी परिस्थिति में अनुसूचित जाति आयोग से हमें उम्मीद है कि अनुसूचित जाति वर्ग के सदस्यों को न्याय दिलाने व सुरक्षा दिलाने में न्यायोचित कार्यवाही की जावेगी इसके लिये अनुसूचित जाति परिषद सिवनी ईकाई के द्वारा अनुसूचित जाति आयोग से संज्ञान लेने की मांग की जावेगी।
वहीं नवनीत डेहरिया मेहरा समाज के जिला अध्यक्ष राजेश डेहरिया का कहना है कि ग्राम कोटवार मेहरा डेहरिया समाज के साथ अनुसूचित जाति वर्ग का सदस्य है यदि वह दहशत व दबाव में है तो उसे न्याय दिलाने में सहयोग किया जायेगा।


