Sunday, March 29, 2020

‘राष्‍ट्रीय दूरभाष-परामर्श केंद्र (कॉनटेक)’ का शुभारंभ

 ‘राष्‍ट्रीय दूरभाष-परामर्श केंद्र (कॉनटेक)’ का शुभारंभ   

‘कोविड-19’ के मरीजों के इलाज के लिए देश भर के डॉक्टरों को वास्तविक समय में एम्‍स से जोड़ने के लिए ही एम्‍स में चालू किया गया है ‘कॉनटेक’

इस केंद्र में चौबीसों घंटे उपलब्ध रहेंगे डॉक्टर


नई दिल्ली। गोंडवाना समय।   
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. हर्षवर्धन ने
राष्‍ट्रीय दूरभाष-परामर्श केंद्र (कॉनटेक) (CoNTeC)’ का शुभारंभ किया। डॉ. हर्षवर्धन ने इसके साथ ही राज्यों के मेडिकल कॉलेजों और देश भर के अन्य एम्स के प्रमुख अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श किया और कोविड-19 से निपटने की तैयारियों की समीक्षा की।
    कॉनटेक’ परियोजना दरअसल कोविड-19 नेशनल टेलीकंसल्टेशन सेंटर का संक्षिप्त नाम है। इसकी परिकल्‍पना स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने की है और इसे अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थाननई दिल्ली द्वारा कार्यान्वित किया गया है।  
  इस अवसर पर डॉ. हर्षवर्धन ने कहा कि कोविड-19’ के मरीजों के इलाज के लिए देश भर के डॉक्टरों को वास्तविक समय में एम्‍स से जोड़ने के लिए ही एम्‍स में कॉनटेक’ को चालू किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि डॉक्टर चौबीसों घंटे इस केंद्र में उपलब्ध रहेंगे और इसे चौबीसों घंटे चालू भी रखेंगे। यहां तैनात किए जाने वाले डॉक्टरों के लिए भोजन एवं ठहरने की सुविधा भी उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि इसे एम्स में इसलिए स्थापित किया गया हैताकि छोटे राज्य भी एम्स के डॉक्टरों के व्‍यापक अनुभवों से लाभ उठा सकें। उन्होंने बताया कि कोविड-19 के रोगियों के इलाज के लिए दुनिया भर में डॉक्टर अलग-अलग प्रोटोकॉल का उपयोग कर रहे हैं और इस केंद्र का लक्ष्‍य देश भर के डॉक्टरों को आपस में जोड़ना हैताकि वे एक साथ प्रोटोकॉल पर चर्चा कर सकें और तदनुसार सर्वोत्तम उपचार प्रदान कर सकें।
  उन्होंने यह भी बताया कि टेलीमेडिसिन संबंधी दिशा-निर्देश भी भारत सरकार द्वारा अधिसूचित कर दिए गए हैं और डिजिटल प्लेटफॉर्म एवं प्रौद्योगिकी की मदद से बड़े पैमाने पर जनता को न केवल कोविड-19बल्कि अन्य बीमारियों के उपचार में भी सहूलियत होगी। उन्होंने कहा कि प्रतिष्ठित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में इस केंद्र को चालू करने का मुख्‍य उद्देश्य देश के गरीब से गरीब व्यक्ति को सर्वोत्तम उपचार सुलभ कराना है।
   उन्होंने कहा कि भारत एक विशाल देश है और गरीबों तक पहुंचने के लिए प्रौद्योगिकी एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। देश के गरीब मरीजों को किसी भी परिस्थिति में गुणवत्तापूर्ण इलाज से वंचित नहीं किया जाना चाहिए। वर्तमान परिस्थिति में गरीबों को भी देश के सर्वोच्च डॉक्टरों की सुविधा मिल सकेगा।
   उन्होंने कहा, "अभी विश्व भर में जो परिदृश्य है और ऐसे समय में वर्तमान सुविधा को समय-समय पर उत्पन्न होने वाली चुनौतियों से निपटने के लिए मजबूत किया जाएगा।" उन्होंने आगे कहा कि विदेशों में भी इस सुविधा का विस्तार करने की योजना है।
   उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सभी चिकित्सा महाविद्यालयों और एम्स को एक साथ जोड़ने की आवश्यकता है ताकि वे स्वास्थ्य क्षेत्र में देश के लिए नीति कार्यान्वयन में और अधिक मदद कर सकें। उन्होंने आगे कहा कि एम्स को अपने बीच परामर्शटेलीमेडिसिनशिक्षाप्रशिक्षणसहभागिता और प्रोटोकॉल के आदान-प्रदान के लिए जिला अस्पतालों के साथ समन्वय स्थापित कर मानक बनना चाहिए। डॉ. हर्षवर्धन ने प्रणाली की प्रभावशीलता की जांच के लिए सुविधा परीक्षण में भी भाग लिया।
कॉनटेक एक टेलीमेडिसिन केन्द्र है जिसकी स्थापना अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान.नई दिल्ली के द्वारा की गई हैजिसमें देश भर से विशेषज्ञों के बहु-आयामी सवालों का उत्तर देने के लिए विभिन्न नैदानिक क्षेत्रों के विशेषज्ञ डॉक्टर 24 घंटे उपलब्ध होंगे। यह एक बहु-मॉडल दूरसंचार केन्द्र है जिसके माध्यम से देश के अलावा विश्व के किसी भी हिस्से से दोनों ओर से ऑडियो-वीडियो वार्तालाप के साथ-साथ लिखित संपर्क भी किया जा सकता है। संचार साधनों के रूप में, सरल मोबाइल टेलीफोन के साथ-साथ दोनों और से वीडियो वार्तालापों के लिए व्हाट्सएपस्काइप और गूगल डुओ का उपयोग किया जाएगा।
कॉनटेक, लखनऊ के एसजीपीजीआई स्थित राष्ट्रीय संसाधन केंद्र के साथ एनएमसीएन के माध्यम से जुड़े 50 मेडिकल कॉलेजों के बीच वीडियो सम्मेलन (वीसीका संचालन करने के लिए पूरी तरह से राष्ट्रीय मेडिकल कॉलेज नेटवर्क (एनएमसीएनके साथ एकीकृत है।
रोगी प्रबंधन सलाह को एम्स के निदेशक  द्वारा नामित एम्स की टीम द्वारा तैयार किए गए राष्ट्रीय दिशा-निर्देश परिपूरक प्रोटोकॉल के अनुसार मानकीकृत किया जाएगा।
कॉनटेक’ से संपर्क कैसे करें ?
कॉनटेक से संपर्क करने के लिए कोविड-19 का उपचार करने वाले चिकित्सकों के द्वारा देश/दुनिया में कहीं से भी एकल मोबाइल नंबर (+91 9115444155) डायल किया जा सकता है जिसमें छह लाइनें हैं जिनका वर्तमान में एक साथ उपयोग किया जा सकता है। भविष्य में जरूरत पड़ने पर लाइनों की संख्या बढ़ाई जा सकती है। इनकमिंग कॉल्स को कॉनटेक प्रबंधकों द्वारा उठाया जाएगाइसके पश्चात कोविड-19 का उपचार कर रहे विशेषज्ञ चिकित्सकों की इच्छानुसार नैदानिक क्षेत्रों के विशेषज्ञ चिकित्सक से उनकी बात कराई जाएगी।
प्रबंधक, कॉल करने वालों विशेषज्ञों की इच्छानुसार व्हाट्सएपस्काइप या गूगल डुओ के माध्यम से दोनों ओर से वीडियो कॉल संपर्क स्थापित करने में मार्गदर्शन करेंगे। एनएमसीएन नेटवर्क से कॉल करने वाले व्यक्त अपनी ओर से किसी भी समय टेलीमेडिसिन बुनियादी सुविधा का उपयोग करके संपर्क कर सकते हैं।

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